तुझे पाने की आरज़ू
है दिल में
तू है तो मैं नहीं
हूँ मुश्किल में
ये सफर बहुत आसां है
तेरे साथ
तकलीफ नहीं है
राह-ए-मंजिल में
जबसे तूमने पकड़ा है
हमारा हाथ
हमारा कारवां महफूज़
है साहिल में
ऐ सनम तुम हमेशा साथ रहो हमारे
खास जगह है तुम्हारी
हमारे दिल में
तुम किसी खास के लिए
मकसूद हो 'शुभम'
तुम सभी को नहीं मिलते जिंदगी में
No comments:
Post a Comment